वर्तनी जाँच में क्या होता है और क्या नहीं
स्पेल चेकर आम तौर पर हर शब्द को शब्द-सूची से मिलाता है। हमारा हिंदी संस्करण अभी दो चीज़ों पर चलता है: (1) आम अमानक रूपों और उनके मानक रूपों की जोड़ियाँ, और (2) लिखावट के यांत्रिक नियम। इसलिए यह "परिक्षा" को पकड़ेगा, पर "कमप्यूटर" जैसे किसी नए बने टाइपो को शायद नहीं।
हिंदी में सबसे आम वर्तनी की भूलें
| गलत | सही | नियम |
|---|---|---|
| परिक्षा | परीक्षा | दीर्घ ई |
| स्थिती | स्थिति | ह्रस्व इ |
| आशिर्वाद | आशीर्वाद | दीर्घ ई (संस्कृत आशीः) |
| जरुर | ज़रूर | नुक़्ता और दीर्घ ऊ |
| शुरूआत | शुरुआत | ह्रस्व उ |
| विधार्थी | विद्यार्थी | द्य संयुक्ताक्षर |
| सुचना | सूचना | दीर्घ ऊ |
अनुस्वार, चंद्रबिंदु और नुक़्ता
मानकीकरण के अनुसार पंचमाक्षर की जगह अनुस्वार को प्राथमिकता मिलती है: हिंदी, संबंध, गंगा। हिन्दी और सम्बन्ध भी चलते हैं, पर एक ही पाठ में दोनों शैलियाँ मिलाना असंगति है। चंद्रबिंदु (जाँच, यहाँ) शिरोरेखा के ऊपर मात्रा होने पर अनुस्वार बन जाता है (में, नहीं)। अरबी-फ़ारसी मूल के शब्दों में नुक़्ता मानक है: ज़रूर, ज़्यादा, ख़ुश, मुफ़्त।
लिखावट के नियम
- वाक्य के अंत में पूर्ण विराम "।" लगाएँ, "|" नहीं।
- शब्दों के बीच एक ही स्पेस रखें, और विराम चिह्न से पहले स्पेस न लगाएँ।
- अंकों में एक शैली रखें: मानकीकरण अंतरराष्ट्रीय अंकों (0-9) की सिफ़ारिश करता है।
आगे क्या करें
व्याकरण और वाक्य-स्तर की भूलों के लिए हिंदी ग्रामर चेकर चलाएँ। शब्द का अर्थ और पर्याय देखने के लिए हिंदी शब्दकोश और पर्यायवाची काम आएँगे। आम भूलों की बड़ी सूची गाइड हिंदी के आम अशुद्ध-शुद्ध शब्द में है।