कवर लेटर रिज्यूमे से अलग क्यों है?
रिज्यूमे या बायोडाटा तथ्यों की सूची है; कवर लेटर बताता है कि आप इस पद के लिए क्यों उपयुक्त हैं और यह कंपनी क्यों। पूरा कवर लेटर आमतौर पर एक पृष्ठ का होता है: भूमिका, योग्यता का मिलान और साक्षात्कार का अनुरोध। रिज्यूमे के लिए बायोडाटा और CV का फ़र्क देखें।
मोड कैसे चुनें
| मोड | किसके लिए | पत्र किस पर टिकता है |
|---|---|---|
| फ़्रेशर | हाल ही में पढ़ाई पूरी करने वाले | डिग्री, प्रासंगिक विषय, प्रोजेक्ट, इंटर्नशिप, संगठन में भागीदारी |
| अनुभवी | कुछ वर्ष का काम का अनुभव | अनुभव के वर्ष, 2 से 3 उपलब्धियाँ (संख्या तभी जब आपने दी हो) |
| इंटर्नशिप | अध्ययनरत विद्यार्थी | पाठ्यक्रम और वर्ष, इंटर्नशिप की अवधि और लक्ष्य, उपलब्धता |
| सामान्य | अधिकतर निजी कंपनियाँ | गर्मजोशी वाला, आत्मविश्वासी पेशेवर लहजा |
| औपचारिक | सरकारी, शैक्षणिक, पारंपरिक संस्थान | सबसे औपचारिक संबोधन और समापन, रूढ़िवादी ढाँचा |
फ़ॉर्म में क्या लिखें
- पद और कंपनी: विज्ञापन का नाम ज्यों का त्यों।
- अनुभव और पढ़ाई: डिग्री, वर्ष, इंटर्नशिप, प्रोजेक्ट, काम की ज़िम्मेदारियाँ।
- कौशल: जो विज्ञापन में माँगे गए हों और आपके पास हों।
- अतिरिक्त: नोटिस अवधि, शहर बदलने की इच्छा।
सिर्फ़ सच्चे तथ्य लिखें। टूल उनसे आगे कुछ नहीं जोड़ता, और अगर आप संख्या देंगे तो वही इस्तेमाल करेगा।
भेजने से पहले
- [कोष्ठक] की जगहें भरें: भर्ती प्रबंधक का नाम, कंपनी, तारीख़, विज्ञापन का स्रोत।
- हर वाक्य अपने अनुभव से मिलाएँ; जो बात साक्षात्कार में समझा न सकें, उसे हटा दें।
- वर्तनी जाँचें, खासकर नाम और तकनीकी शब्द। हिंदी स्पेल चेकर और ग्रामर चेकर काम आएँगे।
- ईमेल से भेजना हो तो छोटा आवेदन-ईमेल पत्र और ईमेल लेखक में बनाएँ।
सीमाएँ
पत्र AI से बनता है; वह आपके बारे में कुछ नहीं जानता सिवा उसके जो आपने फ़ॉर्म में लिखा। नौकरी मिलने या साक्षात्कार बुलावे का कोई वादा नहीं है। कंपनी का तय प्रारूप या शब्द-सीमा हो तो उसे मानें।